देहरादून। प्रदेश के जनमुद्दों को लेकर कांग्रेस ने लोकभवन का घेराव किया। इस दौरान पुलिस ने हाथीबड़कला क्षेत्र में बेरिकेडिंग लगाकर प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोक दिया। बाद में कांग्रेस के कई नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में लेकर पुलिस लाइन ले जाया गया, जहां कुछ देर बाद सभी को रिहा कर दिया गया।
कांग्रेस ने प्रदेश में महिला अपराध, बेरोजगारी, महंगाई, कानून व्यवस्था, भ्रष्टाचार, जंगली जानवरों के हमले, पलायन, आपदा प्रभावितों को राहत एवं मुआवजा, बदहाल स्वास्थ्य सेवाएं तथा किसानों को फसल नुकसान पर मुआवजा न मिलने जैसे मुद्दों को लेकर लोकभवन घेराव का ऐलान किया था। सुबह 11 बजे से ही प्रदेशभर से कार्यकर्ता परेड ग्राउंड में जुटने लगे थे।
करीब डेढ़ बजे प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल, चुनाव संचालन समिति के अध्यक्ष प्रीतम सिंह तथा चुनाव प्रबंधन समिति के अध्यक्ष डा. हरक सिंह रावत के नेतृत्व में जुलूस लोकभवन के लिए रवाना हुआ। प्रदर्शनकारी राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए बहल चौक और दिलाराम चौक से होते हुए हाथीबड़कला पहुंचे।
हाथीबड़कला में पुलिस ने बेरिकेडिंग लगाकर जुलूस को रोक दिया। इस दौरान कुछ प्रदर्शनकारी बेरिकेडिंग पर चढ़ गए और आगे बढ़ने का प्रयास किया। बेरिकेडिंग पार करने को लेकर पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच कुछ देर तक जोरआजमाइश चली। पुलिस ने सैकड़ों कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में लेकर पुलिस लाइन पहुंचाया, जहां बाद में सभी को छोड़ दिया गया।
प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल और कार्यक्रम संयोजक प्रीतम सिंह ने लोकभवन घेराव को सफल बताते हुए पार्टी कार्यकर्ताओं का आभार जताया। उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं की भागीदारी से संगठन को मजबूती मिलेगी और पार्टी जनविरोधी नीतियों के खिलाफ संघर्ष जारी रखेगी।
प्रदर्शन में प्रदेश प्रभारी शैलजा कुमारी, पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत, नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष करन माहरा, महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष ज्योति रौतेला सहित पार्टी के विधायक, पूर्व मंत्री और पूर्व विधायक मौजूद
