देहरादून। भारत निर्वाचन आयोग के मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने उत्तराखण्ड दौरे के दूसरे दिन देहरादून स्थित राज्य अतिथि गृह बीजापुर में आगामी विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की तैयारियों को लेकर उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में मतदाता सूची के शुद्धिकरण, जागरूकता अभियान तथा प्रशिक्षण कार्यक्रमों की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की गई।
मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने कहा कि एसआईआर का मुख्य उद्देश्य “एब्सेंट, शिफ्टेड, डेथ, डूप्लीकेट एवं विदेशी मतदाताओं” की पहचान कर मतदाता सूची को अधिक शुद्ध और पारदर्शी बनाना है। उन्होंने प्रदेश के सभी मतदाताओं से अपील की कि वे आगामी SIR अभियान में अपना नवीनतम पासपोर्ट आकार का फोटो उपलब्ध कराएं तथा बीएलओ को आवश्यक सहयोग प्रदान करें, ताकि मतदाता सूची को अद्यतन एवं त्रुटिरहित बनाया जा सके।
बैठक में मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. बी.वी.आर.सी. पुरुषोत्तम ने विस्तृत प्रस्तुतीकरण देते हुए बताया कि प्रदेश में प्री-SIR फेज के तहत अब तक 89 प्रतिशत मैपिंग का कार्य पूर्ण किया जा चुका है। उन्होंने जानकारी दी कि गणना प्रपत्रों की छपाई की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं तथा डीईओ, डिप्टी डीईओ और ईआरओ/एईआरओ के प्रथम चरण का प्रशिक्षण संपन्न कर लिया गया है। वहीं, बीएलओ एवं अन्य फील्ड स्टाफ का प्रशिक्षण कार्य निरंतर जारी है।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने यह भी बताया कि विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए प्रदेशभर में विभिन्न माध्यमों से व्यापक मतदाता जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इसके अलावा सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों एवं ईआरओ को निर्देश दिए गए हैं कि वे प्रत्येक सप्ताह राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर समन्वय बनाए रखें।
बैठक में मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन, एडीजी डॉ. वी. मुरुगेशन, अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. विजय कुमार जोगदंडे, जिलाधिकारी देहरादून सविन बंसल, नवनियुक्त जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान, एसएसपी देहरादून प्रमेंद्र डोभाल, सीडीओ देहरादून अभिनव शाह सहित निर्वाचन विभाग एवं प्रशासन के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।






