देहरादून, मानसून के दौरान संभावित आपदाओं, डेंगू-मलेरिया की रोकथाम, जलभराव और स्वच्छता व्यवस्था को लेकर जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने शनिवार को कलेक्ट्रेट सभागार से संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ वर्चुअल समीक्षा बैठक की। उन्होंने सभी विभागों को अलर्ट मोड में कार्य करते हुए प्रभावी कार्ययोजना के साथ जनस्वास्थ्य एवं आपदा प्रबंधन के सभी उपाय समयबद्ध ढंग से लागू करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि मानसून के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी विभाग प्रतिदिन अपने-अपने क्षेत्रों की निगरानी करें और समस्याओं का तत्काल समाधान सुनिश्चित करें। उन्होंने लो-लाइन एवं नदी किनारे के संवेदनशील क्षेत्रों में जीपीएस युक्त जेसीबी मशीनें पहले से तैनात रखने के निर्देश दिए, ताकि आवश्यकता पड़ने पर राहत एवं बचाव कार्य तुरंत शुरू किए जा सकें। मुख्य चिकित्साधिकारी को सभी आपदा संचालन केंद्रों पर एम्बुलेंस एवं आवश्यक चिकित्सा संसाधन उपलब्ध रखने के निर्देश दिए गए।
डॉ. चौहान ने वन विभाग को पर्वतीय एवं दुर्गम क्षेत्रों में संभावित आपदा की त्वरित सूचना के लिए प्रभावी सूचना तंत्र विकसित करने के निर्देश दिए। साथ ही नगर निगम एवं सभी नगर निकायों को डेंगू और मलेरिया नियंत्रण के लिए नियमित फॉगिंग, एंटी-लार्वा छिड़काव, नालियों की सफाई और जल निकासी व्यवस्था दुरुस्त रखने तथा अतिरिक्त फॉगिंग मशीनें खरीदने के निर्देश दिए।
स्वास्थ्य विभाग को आशा कार्यकर्ताओं के माध्यम से घर-घर सर्वे अभियान तेज करने, संभावित डेंगू लार्वा की जांच, बुखार से पीड़ित लोगों की पहचान और संदिग्ध मरीजों की तत्काल जांच एवं उपचार सुनिश्चित करने को कहा गया। जिलाधिकारी ने जनजागरूकता अभियान को भी प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए।
विद्यालयों में डेंगू से बचाव को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए डीएम ने मुख्य शिक्षा अधिकारी, नगर निगम एवं नगर निकायों को सभी सरकारी और निजी विद्यालयों का निरीक्षण कर परिसर को जलभराव, गंदगी एवं मच्छरों से मुक्त रखने के निर्देश दिए। उन्होंने छात्र-छात्राओं के लिए पूर्ण बाजू की वर्दी या वस्त्र पहनकर विद्यालय आने की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा और चेतावनी दी कि निर्देशों की अनदेखी करने वाले विद्यालयों के विरुद्ध एपिडेमिक एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में कूड़ा उठान व्यवस्था की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने सभी उप जिलाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में नए गार्बेज प्वाइंट चिन्हित कर तत्काल सफाई कराने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि कहीं भी कूड़े के ढेर या नए गार्बेज प्वाइंट पाए गए तो संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय कर कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) के.के. मिश्रा, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी ऋषभ कुमार सहित सिंचाई, लोक निर्माण विभाग एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे, जबकि सभी उप जिलाधिकारी, नगर निगम और नगर निकायों के अधिकारी वर्चुअल माध्यम से जुड़े।









