देहरादून, श्री बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) द्वारा आगामी चारधाम यात्रा की पूर्व तैयारियों को लेकर बुधवार देर शाम देहरादून स्थित केनाल रोड कार्यालय सभागार में विस्तृत समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में यात्रा व्यवस्थाओं, तीर्थयात्रियों की सुविधाओं तथा सुरक्षा प्रबंधों पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए बीकेटीसी अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने कहा कि मंदिर समिति की बजट बैठक शीघ्र आयोजित की जाएगी, जिसमें यात्रा से संबंधित सभी आवश्यक व्यवस्थाओं एवं तीर्थयात्रियों की सुविधाओं के लिए पर्याप्त बजट प्रावधान सुनिश्चित किए जाएंगे। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी तैयारियां समयबद्ध ढंग से पूर्ण की जाएं, ताकि यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
बैठक प्रारंभ होने से पूर्व वरिष्ठ तीर्थ पुरोहित एवं बीकेटीसी सदस्य दिवंगत श्रीनिवास पोस्ती को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए दो मिनट का मौन रखा गया।
अध्यक्ष ने जानकारी दी कि इस वर्ष चारधाम यात्रा का शुभारंभ 19 अप्रैल को अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर होगा। परंपरानुसार इसी दिन यमुनोत्री धाम तथा गंगोत्री धाम के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोले जाएंगे। इसके पश्चात केदारनाथ धाम के कपाट 22 अप्रैल तथा बदरीनाथ धाम के कपाट 23 अप्रैल को विधिवत रूप से खोले जाएंगे।
उन्होंने बताया कि यात्रा प्रारंभ होने से पूर्व मंदिर समिति का कार्यालय आईएसबीटी ऋषिकेश के समीप पर्यटन विभाग के पंजीकरण भवन में स्थापित कर दिया जाएगा, जिससे यात्रियों को पंजीकरण एवं अन्य सेवाओं में सुविधा मिल सके।
समीक्षा बैठक में धामों में सरल एवं सुगम दर्शन व्यवस्था, पूजा प्रबंधन, मंदिर परिसरों के सौंदर्यीकरण, रंग-रोगन, यात्री विश्रामगृहों के रखरखाव, आवास, पेयजल, विद्युत आपूर्ति तथा स्वच्छता व्यवस्था की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की गई। अध्यक्ष ने प्रशासन के साथ समन्वय बनाकर सुरक्षा, पार्किंग, आपदा प्रबंधन एवं आवासीय सुविधाओं को सुदृढ़ करने के निर्देश दिए।
उन्होंने स्पष्ट किया कि धामों में निर्धारित सीमा के अंतर्गत मोबाइल फोन तथा वीडियो/फोटो रील बनाने पर प्रतिबंध प्रभावी रहेगा। साथ ही मंदिर परिसर में पालीथिन पर सख्त रोक, प्राथमिक चिकित्सा केंद्र, सूचना केंद्र एवं सहायता डेस्क को प्रभावी रूप से संचालित करने के निर्देश दिए गए।
मुख्य कार्याधिकारी विजय प्रसाद थपलियाल ने बताया कि बीकेटीसी अधिकारियों ने 16 फरवरी को बदरीनाथ धाम पहुंचकर यात्रा व्यवस्थाओं का स्थलीय निरीक्षण किया था। उन्होंने कहा कि अधिकांश तैयारियां अंतिम चरण में हैं तथा शेष कार्य शीघ्र पूर्ण कर लिए जाएंगे।
अध्यक्ष ने मंदिर समिति की वेबसाइट के उच्चीकरण, दर्शन पंक्ति प्रबंधन, पूजा कार्यालय एवं ऑनलाइन पूजा बुकिंग व्यवस्था को सुदृढ़ करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और सभी अधिकारी टीम भावना से कार्य करें।
बैठक में बीकेटीसी उपाध्यक्ष विजय कपरवाण, सदस्यगण एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। अध्यक्ष ने विश्वास व्यक्त किया कि समुचित एवं सुनियोजित तैयारियों के साथ इस वर्ष की चारधाम यात्रा सफलतापूर्वक संपन्न होगी और श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकेंगी।
