---Advertisement---

एकल महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में बड़ी पहल, सीएम ने योजना का किया आगाज़

By: Naveen Joshi

On: Tuesday, February 10, 2026 4:29 PM

Google News
Follow Us
---Advertisement---

 

देहरादून। मुख्यमंत्री  पुष्कर सिंह धामी ने  मुख्य सेवक सदन, मुख्यमंत्री आवास देहरादून में आयोजित कार्यक्रम में महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग के अंतर्गत संचालित मुख्यमंत्री एकल महिला स्वरोजगार योजना का विधिवत शुभारंभ किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रदेश की एकल महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में इसे एक ऐतिहासिक पहल बताया।

मुख्यमंत्री ने योजना के प्रथम चरण में जनपद बागेश्वर (42), देहरादून (191), नैनीताल (75), पौड़ी (66), टिहरी (23) एवं उधमसिंहनगर (87) की कुल 484 लाभार्थी महिलाओं के खातों में डीबीटी के माध्यम से ₹3 करोड़ 45 लाख 34 हजार 500 रुपये की प्रथम किश्त हस्तांतरित की। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री द्वारा विभागीय कैलेंडर का भी विमोचन किया गया।

मुख्यमंत्री  धामी ने कहा कि मुख्यमंत्री एकल महिला स्वरोजगार योजना महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाते हुए उन्हें सम्मान, सुरक्षा और आत्मनिर्भरता प्रदान करेगी। उन्होंने कहा कि राज्य की लाखों महिलाओं के संघर्ष, साहस और आत्मविश्वास को इस योजना के माध्यम से नई दिशा मिलेगी। महिलाओं के सशक्तिकरण से परिवार, समाज और राष्ट्र सभी सशक्त होते हैं।

मुख्यमंत्री ने बताया कि शेष सात जनपदों की 540 महिलाओं को भी लगभग ₹4 करोड़ की धनराशि माह के अंत तक डीबीटी के माध्यम से उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि योजना में विधवा, परित्यक्ता, तलाकशुदा एवं किसी भी कारण से अकेले जीवन का भार उठा रही महिलाओं के साथ-साथ एसिड अटैक एवं आपराधिक घटनाओं की पीड़िता महिलाओं तथा ट्रांसजेंडर समुदाय को भी सम्मिलित किया गया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस योजना के शुभारंभ से राज्य की नारी शक्ति अब नेतृत्वकारी भूमिका में आगे आएगी। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में मातृशक्ति के कल्याण एवं सशक्तिकरण हेतु अनेक ऐतिहासिक निर्णय लिए गए हैं, जिनमें महिलाओं को संसद एवं विधानसभाओं में 33 प्रतिशत आरक्षण, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान, उज्ज्वला योजना, लखपति दीदी योजना तथा ट्रिपल तलाक जैसी कुप्रथा की समाप्ति प्रमुख हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार महिलाओं के शिक्षा, स्वास्थ्य, उद्यमिता और रोजगार में सहभागिता बढ़ाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उत्तराखंड राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन, सशक्त बहना उत्सव योजना एवं मुख्यमंत्री महिला स्वयं सहायता समूह सशक्तिकरण योजना के माध्यम से महिलाओं को नए अवसर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना के तहत महिला समूहों द्वारा निर्मित उत्पादों को एक सशक्त ब्रांड के रूप में विकसित किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में लगभग 5 लाख महिलाएं 70 हजार से अधिक स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से व्यवसाय कर रही हैं। 7 हजार से अधिक ग्राम्य संगठन और 500 से अधिक क्लस्टर संगठनों के जरिये महिलाएं सामूहिक नेतृत्व की मिसाल पेश कर रही हैं। प्रदेश की 1 लाख 68 हजार से अधिक महिलाएं ‘लखपति दीदी’ बनकर महिला सशक्तिकरण की दिशा में नया कीर्तिमान स्थापित कर चुकी हैं।

कैबिनेट मंत्री  रेखा आर्य ने कहा कि मुख्यमंत्री  पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में राज्य सरकार महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। यह योजना एकल महिलाओं को न केवल स्वावलंबी बनाएगी, बल्कि वे अन्य लोगों को भी रोजगार से जोड़ने में सक्षम होंगी।

सचिव श्री चंद्रेश यादव ने बताया कि मुख्यमंत्री एकल महिला स्वरोजगार योजना के अंतर्गत अधिकतम ₹2.00 लाख तक की परियोजनाओं को स्वीकृति दी जा रही है। लाभार्थी द्वारा किए गए निवेश के सापेक्ष 75 प्रतिशत अथवा अधिकतम ₹1.50 लाख तक की सब्सिडी प्रदान की जाएगी। योजना में महिला का 25 प्रतिशत अंशदान अनिवार्य होगा।

कार्यक्रम में निदेशक  बी.एल. राणा,  विक्रम,  आरती,  मोहित चौधरी सहित अन्य अधिकारी एवं गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।

For Feedback - feedback@example.com

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment