Prabhat Chingari
Uncategorized

बद्री धाम में चढ़ा धृत कम्बल देता है संकेत यात्रा कैंसी होगी

*बद्री धाम में चढ़ा धृत कम्बल देता है संकेत यात्रा कैंसी होगी*
चमोली ( प्रदीप लखेड़ा )
उत्तराखंड के चार धामों में से एक धाम चमोली जिले में स्थित वैकुंठ धाम बद्रीनाथ के कपाट आज सुबह 6 बजे पूरे विधि विधान और वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ खुल गए हैं जिसके साक्षी हजारों की संख्या में पहुंचे श्रद्धालु बने लेकिन क्या आपको पता है? कि धाम के कपाट खुलने और बंद होने में घृत यानि घी का खास महत्व है उसका कारण भगवान नारायण को 6 माह के लिए कंबल में लपेटकर रखा जाना है। जब कपाट खुलते हैं और कंबल पर लगाया घी ज्यों का त्यों दिखाई देता है तो उसे शुभ संकेत माना जाता है। यहां तक धाम में यात्रा सालभर कैसे चलेगी इसका अंदाजा लगाया जाता है।
बद्रीनाथ धाम के पूर्व धर्माधिकारी भुवन उनियाल बताते हैं कि कपाट बंद होने के दिन भगवान विष्णु की प्रतिमा पर घी का लेप करके उसे कंबल से ढक दिया जाता है। इस कंबल को माणा गांव की बालिकाएं एक दिन में तैयार करके देती हैं। मुख्य पुजारी (रावल) भगवान के गात (शरीर) पर घी वाले कंबल का लेप करते हैं, जिसे घृत कंबल कहा जाता है। कपाट खुलने के दिन इसी घृत कंबल को प्रसाद रूप में भक्तों को दिया जाता है। वहीं मंदिर के धर्माधिकारी राधाकृष्ण थपलियाल बताते हैं कि घृत कंबल पर जब कपाट खुलने के बाद घी ताजा दिखाई देता है, तो उसका मतलब है कि देश में खुशहाली रहेगी और चारधाम यात्रा अच्छी चलेगी। आगे बताते हैं कि बर्फ में ढके रहने और ठंड के बावजूद घी सूखता नहीं है, जो किसी चमत्कार से कम नहीं होता है।

Related posts

कृषि विभाग में शीघ्र होगा महानिदेशक का पद सृजित, कैबिनेट में लाया जाएगा प्रस्ताव – कृषि मंत्री

prabhatchingari

उत्तराखंड की बेटी मानसी नेगी ने नेशनल ओपन अंडर-23 में जीता रजत पदक

prabhatchingari

दारोगा भर्ती प्रकरण में नकलची दारोगाओं पर शिकंजा कसने की तैयारी, 20 दारोगा हो चुके हैं निलंबित

prabhatchingari

8 वीं वाहिनी आईटीबीपी गौचर ने सतर्कता जागरूकता सप्ताह के तहत बमोथ में ग्रामीणों को दिलाई शपथ*

prabhatchingari

देहरादून में यह रूट रहेंगे बंद,राष्ट्रपति के देहरादून दौरे पर प्रशासन ने जारी किया डाइवर्ट प्लान….

prabhatchingari

अयोध्था से आये पूजित अक्षत और प्रभु राम के दर्शन का देंगे निमंत्रण प्रभु राम का चित्र देनें घर-घर जायेंगे रामभक्त

prabhatchingari

Leave a Comment