Prabhat Chingari
अपराधउत्तराखंड

एलपीजी गैस की कालाबाजारी पर डीएम सख्त, अवैध भंडारण और रिफिलिंग पर सीधे जेल

 

देहरादून,  एलपीजी गैस की उपलब्धता एवं वितरण व्यवस्था को सुव्यवस्थित बनाए रखने के लिए जिलाधिकारी सविन बंसल ने ऋषिपर्णा सभागार, कलेक्ट्रेट में आयल कंपनियों के पदाधिकारियों एवं गैस एजेंसी संचालकों के साथ बैठक की। बैठक में घरेलू एवं व्यावसायिक गैस आपूर्ति की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि गैस का अवैध संग्रहण, कालाबाजारी, बिचौलियों की संलिप्तता अथवा अवैध रिफिलिंग पाए जाने पर संबंधित गैस एजेंसी को तत्काल सील किया जाएगा और दोषियों के विरुद्ध आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 तथा बीएनएस के प्रावधानों के अंतर्गत कड़ी कार्रवाई करते हुए जेल भेजा जाएगा।

जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि भारत सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुसार एलपीजी वितरण में घरेलू उपभोक्ताओं को पहली प्राथमिकता दी जाए। साथ ही घरेलू गैस सिलेंडरों की होम डिलीवरी ओटीपी आधारित प्रणाली से सुनिश्चित की जाए, जिससे पारदर्शिता बनी रहे और अनियमितताओं पर प्रभावी नियंत्रण किया जा सके।

बैठक में बताया गया कि एक बार गैस सिलेंडर की बुकिंग होने के बाद अगली बुकिंग 25 दिन के लॉक-इन समय के बाद ही की जा सकेगी। इस संबंध में उपभोक्ताओं को जागरूक करने के लिए गैस कंपनियों को बल्क एसएमएस भेजने तथा एजेंसियों पर सूचना फ्लेक्सी लगाने के निर्देश भी दिए गए।

जिलाधिकारी के निर्देश पर एलपीजी गैस से संबंधित शिकायतों और सूचनाओं के त्वरित समाधान के लिए आपदा कंट्रोल रूम में नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है। नागरिक गैस से संबंधित समस्या या शिकायत 1077, 0135-2626066, 0135-2726066 तथा व्हाट्सएप नंबर 7534826066 पर दर्ज करा सकते हैं। प्राप्त शिकायतों पर संबंधित विभागों द्वारा तत्काल कार्रवाई की जाएगी।

जिलाधिकारी ने सभी उप जिलाधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में पुलिस क्षेत्राधिकारी और पूर्ति निरीक्षकों के साथ गैस एजेंसियों पर रैंडम जांच और छापेमारी अभियान चलाएं। गैस वितरण में अनियमितता, अवैध भंडारण या बाहरी व्यक्तियों की संलिप्तता पाए जाने पर एजेंसियों को सील करने की कार्रवाई की जाएगी।

उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि घरेलू गैस सिलेंडरों के व्यावसायिक उपयोग को रोकने के लिए नियमित अभियान चलाया जाए। यदि कहीं घरेलू गैस का व्यावसायिक उपयोग पाया जाता है तो सिलेंडर तत्काल जब्त कर दोषियों के विरुद्ध आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 तथा बीएनएस के अंतर्गत कठोर कार्रवाई की जाएगी।

जिलाधिकारी ने बताया कि जनपद में वर्तमान में 72 गैस एजेंसियां संचालित हैं, जिनके माध्यम से लगभग 7.81 लाख घरेलू उपभोक्ताओं तथा 19,624 व्यावसायिक उपभोक्ताओं को गैस की आपूर्ति की जाती है। इन एजेंसियों के सभी गोदाम अब जिला प्रशासन की निगरानी में हैं।

उन्होंने जनमानस से अपील की कि किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें और घबराहट में अनावश्यक गैस की बुकिंग न करें। जनपद में गैस की पर्याप्त उपलब्धता है और प्रशासन स्थिति पर लगातार निगरानी बनाए हुए है।

बैठक में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेन्द्र डोबाल, मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व के.के. मिश्रा, नगर मजिस्ट्रेट प्रत्युष सिंह, उप जिलाधिकारी सदर हरिगिरि, उप जिलाधिकारी कुमकुम जोशी, जिला पूर्ति अधिकारी के.के. अग्रवाल सहित भारत पेट्रोलियम, इंडियन ऑयल और हिन्दुस्तान पेट्रोलियम के प्रतिनिधि तथा गैस एजेंसी एसोसिएशन के अध्यक्ष चमनलाल समेत संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

Related posts

वनस्पति विज्ञान के एक दर्जन असिस्टेंट प्रोफेसरों को मिली तैनाती

prabhatchingari

देशभर में लागू हुए तीन नए आपराधिक कानूनों का मुख्यमंत्री ने उत्तराखंड में किया औपचारिक शुभारंभ

prabhatchingari

अधिवर्षता आयु पूर्ण होने पर पुलिस कर्मियों को पुलिस परिवार द्वारा उज्जवल भविष्य की शुभकामनाओं के साथ दी गई भावभीनी विदाई

prabhatchingari

हरेला पर्व पर वृक्षारोपण किया मंत्री गणेश जोशी

prabhatchingari

संस्कृत विश्वविद्यालय व श्री देव सुमन के बीच नवाचार, शोध एवं शैक्षणिक गतिविधियों को प्रोत्साहित एवं बढ़ावा देने के उद्देश्य से हुआ समझौता

prabhatchingari

ढालवाला व खाराश्रोत क्षेत्र में अतिवृष्टि से हुआ जलभराव, sdrf ने चलाया राहत एवं बचाव अभियान।

prabhatchingari

Leave a Comment