देहरादून, मैक्स सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल, देहरादून ने पीडियाट्रिक ईएनटी केयर के क्षेत्र में एक बड़ी उपलब्धि हासिल करते हुए 11 माह के एक बच्चे की सफल बाइलेटरल कोक्लियर इम्प्लांट सर्जरी की है। यह अत्याधुनिक सर्जरी डॉ. इरम खान, सीनियर कंसल्टेंट – ईएनटी द्वारा की गई, जिससे जन्मजात सुनने की गंभीर समस्या से जूझ रहे बच्चे को सुनने और बोलने के विकास की नई आशा मिली है।
बच्चे के माता-पिता उसे मैक्स हॉस्पिटल लेकर आए थे, जब उन्होंने पाया कि सामान्य शारीरिक विकास के बावजूद बच्चा आवाज़ पर प्रतिक्रिया नहीं दे रहा है और बोलने के संकेत नहीं दिखा रहा। विस्तृत चिकित्सकीय जांच के बाद बच्चे में बाइलेटरल गंभीर जन्मजात सेंसरीन्यूरल हियरिंग लॉस की पुष्टि हुई।
मल्टी-डिसिप्लिनरी टीम के आकलन और माता-पिता की काउंसलिंग के बाद चिकित्सकों ने दोनों कानों में एक साथ कोक्लियर इम्प्लांट लगाने का निर्णय लिया। यह सर्जरी अत्याधुनिक Kanso®3 कोक्लियर इम्प्लांट सिस्टम की मदद से की गई, जिसमें पतला और कम नुकसान पहुंचाने वाला इलेक्ट्रोड ऐरे उपयोग किया गया है, जिससे नाजुक अंदरूनी कान की संरचनाएं सुरक्षित रहती हैं।
सर्जरी के बाद बच्चा अब आवाज़ पर शुरुआती सकारात्मक प्रतिक्रिया देने लगा है। अगले छह से सात महीनों तक संरचित श्रवण-मौखिक पुनर्वास (ऑडिटरी वर्बल थेरेपी) किया जाएगा, जिससे सुनने और बोलने की क्षमता के बेहतर विकास की उम्मीद है।
इस अवसर पर डॉ. इरम खान ने बताया कि कोक्लियर इम्प्लांट अंदरूनी कान के क्षतिग्रस्त हिस्से को बायपास कर सीधे सुनने की नस को उत्तेजित करता है। उन्होंने कहा कि कम उम्र में किया गया यह हस्तक्षेप बच्चे के सामान्य भाषा विकास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
उल्लेखनीय है कि डॉ. इरम खान ने वर्ष 2025 में अकेले 10 कोक्लियर इम्प्लांट सर्जरी सफलतापूर्वक की हैं। इस उपलब्धि के साथ मैक्स सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल, देहरादून ने उन्नत ईएनटी सेवाओं और सुनने की क्षमता बहाल करने वाले उपचारों में अपनी पहचान को और मजबूत किया है।
