देहरादून। महालेखाकार (लेखा एवं हकदारी) उत्तराखंड कार्यालय द्वारा गुरुवार को कौलागढ़ स्थित ऑडिट भवन में सामान्य भविष्य निधि (जी.पी.एफ.) अदालत का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य राज्य के लगभग 45,000 अभिदाताओं से संबंधित मामलों के त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण के साथ-साथ पारदर्शिता और लोककल्याण को बढ़ावा देना था।अदालत का उद्घाटन महालेखाकार परवेज़ आलम ने किया। उन्होंने कहा कि जी.पी.एफ. अदालत सरकारी कर्मचारियों के विश्वास और सुरक्षा को सुदृढ़ करने की दिशा में एक सक्रिय कदम है। इस अवसर पर लगभग 300 आहरण एवं संवितरण अधिकारी, 200 अभिदाता तथा वित्त और कोषागार विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में शिकायतों के निस्तारण हेतु सहायता काउंटर स्थापित किए गए, जहाँ अधिकांश मामलों का समाधान मौके पर ही किया गया। महालेखाकार परवेज़ आलम और वरिष्ठ उप-महालेखाकार लोकेश दताल ने अभिदाताओं को समाधान प्रमाणपत्र प्रदान किए। महालेखाकार ने कार्यक्रम के सफल आयोजन में सहयोग देने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार की पहलें प्रशासनिक तंत्र में विश्वास, दक्षता और पारदर्शिता को और सुदृढ़ करेंगी।
