धराली (उत्तरकाशी)।
5 अगस्त 2025 को आई भीषण आपदा के बीच राहत और बचाव कार्यों में जुटी विभिन्न एजेंसियों ने स्वतंत्रता दिवस का पर्व धराली में ही ध्वजारोहण कर मनाया। कार्यक्रम में पुलिस महानिरीक्षक एसडीआरएफ एवं इंसिडेंट कमांडर अरुण मोहन जोशी ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया। सलामी गार्द द्वारा ध्वज को सलामी दी गई और सभी उपस्थित जनों ने राष्ट्रगान गाकर देश की एकता और अखंडता की शपथ ली।
दो मिनट का मौन रखकर आपदा में दिवंगत जनों को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस अवसर पर एसडीआरएफ, भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी), सीमा सड़क संगठन (बीआरओ), स्थानीय पुलिस, प्रशासनिक अधिकारी, अन्य एजेंसियों के कार्मिक और आपदा प्रभावित ग्रामीण उपस्थित रहे।
इंसिडेंट कमांडर ने बलों को संबोधित करते हुए कहा कि “विपरीत परिस्थितियों में भी कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्र के सम्मान के प्रति समर्पण ही हमारी सबसे बड़ी शक्ति है। हमारा दायित्व है कि हम राहत पहुंचाने के साथ प्रभावितों का मनोबल भी बढ़ाएं।”
बीते दस दिनों से राहत कार्यों में जुटी एजेंसियों ने सामूहिक समन्वय और टीम वर्क का परिचय दिया है। सेना, एसडीआरएफ, एनडीआरएफ, आईटीबीपी की रेस्क्यू टीमें, बीआरओ द्वारा अवरुद्ध मार्गों की बहाली, और स्थानीय प्रशासन द्वारा राहत व चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना—सभी ने मिलकर आपदा प्रबंधन में उत्कृष्ट योगदान दिया।
ग्रामवासियों ने भी साहस, धैर्य और सहयोग की मिसाल कायम की। कार्यक्रम के अंत में सभी ने मिलकर राष्ट्रीय एकता, सेवा और सहयोग का संकल्प दोहराया।
