Prabhat Chingari
उत्तराखंड

स्यानाचट्टी में नदी का पानी घुसा: घर-होटल डूबे, यमुनोत्री हाइवे ठप

 

देहरादून/उत्तरकाशी।
यमुनोत्री घाटी के स्यानाचट्टी कस्बे में शुक्रवार को जल प्रलय जैसा मंजर देखने को मिला। गढ़गाड़ से आए भारी मलबे और बोल्डरों ने यमुना नदी का प्रवाह रोक दिया, जिससे नदी का पानी कस्बे में घुस गया। देखते ही देखते मकान, दुकानें, होटल और स्कूल कई फीट तक पानी में समा गए। यमुनोत्री हाइवे का मोटर पुल जलमग्न हो जाने से आवाजाही पूरी तरह ठप हो गई।

हालात बिगड़ते ही जिलाधिकारी प्रशांत आर्य, एसपी सरिता डोबाल और यमुनोत्री विधायक संजय डोभाल मौके पर पहुंचे। एसडीआरएफ, एनडीआरएफ, लोनिवि और सिंचाई विभाग की टीमें झील को खोलने और पानी की निकासी के प्रयास में जुटी हैं।

गुरुवार को ही झील बननी शुरू हो गई थी और  पानी भरने से स्थानीय लोग नाराज होकर झील में उतरकर विरोध करने लगे। कई घरों और होटलों में पानी घुस गया, लोग सामान तक नहीं निकाल पाए। एक महिला ने बताया—“बच्चों को गोद में लेकर भागना पड़ा, डर था कि कहीं झील का पानी और न बढ़ जाए।”

सुबह झील का जलस्तर करीब 2 फीट घटा, लेकिन खतरा टला नहीं है। विशेषज्ञों का कहना है कि यदि झील अचानक टूटी तो यमुना घाटी में भारी तबाही हो सकती है। प्रशासन ने खाली स्कूलों व धर्मशालाओं को राहत शिविरों में बदलने की तैयारी शुरू कर दी है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आपदा प्रबंधन सचिव को पानी की निकासी और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति बाधित न होने के आदेश भी जारी किए गए।

Related posts

मेधावी छात्रों के लिए ‘वरदान’ बनी छात्रवृत्ति योजनाएं, 21 हजार से अधिक विद्यार्थियों को मिला लाभ

cradmin

उत्तराखंड: सड़क हादसे में भाजपा नेता की मौत, कार पेड़ से टकराई

cradmin

चमोली में ग़ैरसैण के नवोदय विद्यालय में शार्ट सर्किट से लगी आग,सभी सुरक्षित

prabhatchingari

567 डॉक्टर रखेंगे तीर्थ यात्रियों के स्वास्थ्य का ख्यालः डॉ. धन सिंह रावत

prabhatchingari

उत्तराखंड की पर्वतीय-मैदानी विविधता पर केंद्रित रही युवा सदन की चर्चा

cradmin

ऑल्ट्रस हेल्थकेयर ने देहरादून में उन्नत इन-पेशेंट विभाग (आईपीडी) खोला, जो मातृत्व एवं बाल चिकित्सा देखभाल में एक नया मानक स्थापित करेगा

prabhatchingari

Leave a Comment