देहरादून। पंचकल्याणक समिति, पुष्प वर्षा योग समिति एवं सकल दिगंबर जैन समाज के तत्वावधान में श्री मज्जिनेन्द्र आदिनाथ जिनबिम्ब पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव का भव्य आयोजन श्री दिगंबर जैन पंचायती मंदिर एवं जैन भवन में संपन्न हुआ। यह आयोजन परम पूज्य संस्कार प्रणेता, ज्ञानयोगी, जीवन आशा हॉस्पिटल प्रेरणास्तोत्र आचार्य श्री 108 सौरभ सागर जी महामुनिराज के सानिध्य में सम्पन्न हुआ।
अपने आशीर्वचन में महामुनिराज ने कहा— “साधु नदी के जल के समान होता है। वह जहां जाता है, वहां समाज के लोगों को धर्म से जोड़ता है। साधु का आगमन संयोग है और उसका प्रस्थान वियोग, किंतु जो इस बीच धर्म लाभ लेता है वही वास्तव में धन्य है।”
उन्होंने कहा कि देहरादून में चातुर्मास का आयोजन आनंद, भक्ति, उत्साह और वात्सल्य के साथ सम्पन्न हुआ, जो निश्चित रूप से स्मरणीय रहेगा। मुख्य संयोजक संदीप जैन ने बताया कि शाश्वत विदाई श्री जिनाभिषेक एवं नित्यार्चन, मंगल आशीर्वचन का आयोजन आचार्य श्री सौरभ सागर जी के सानिध्य में हुआ। इसके उपरांत जाप्तानुष्ठान, अभिषेक, शांतिधारा, मोक्ष कल्याणक संस्कार विधि तथा सम्मान समारोह भी संपन्न हुए।इसके बाद आचार्य श्री का मंगल विहार मोहब्बेवाला के लिए हुआ, जिसमें श्रद्धालुओं ने भावुक होकर आचार्य श्री को मंगल यात्रा के लिए विदा किया और आशीर्वाद प्राप्त किया।
