देहरादून, ग्राफिक एरा के वार्षिक समारोह ग्राफेस्ट-26 की शाम तलविंदर की हाई-एनर्जी परफॉर्मेंस के साथ एक शानदार म्यूजिक एक्सपीरियंस में बदल गई। उनकी बीट्स और वाइब्स ने पूरे माहौल को जोश और उत्साह से सराबोर कर दिया। बीट पर झूमते हजारों छात्र छात्राएं उनके जोश और खुशी को नुमांया कर रहे थे।
मशहूर सिंगर और सॉन्गराइटर तलविंदर सिंह सिद्धू आज शाम प्रस्तुति देने ग्राफिक एरा डीम्ड यूनिवर्सिटी पहुंचे।तलविंदर को सुनने के लिए छात्र-छात्राएं कार्यक्रम शुरू होने से काफी पहले ही मैदान में उमड़ने लगे थे। उनके मंच पर आते ही पूरा कैंपस एक लाइव कॉन्सर्ट जैसे माहौल में ढल गया, जहां हर बीट के साथ छात्र छात्राओं का उत्साह और शोर लगातार बढ़ता चला गया। तलविंदर ने अपने हिट ट्रैक “धुंधला” से ओपनिंग करते ही माहौल को पूरी तरह चार्ज कर दिया— “सब कुछ धुंधला है, धुंधला है, मैं सारे ये गम भुला के झूम रहा, सब कुछ धुंधला है, धुंधला, मैं सारी ये धुन भुला के घूम रहा…” इस ट्रैक की पहली बीट बजते ही हजारों छात्र छात्राओं के कदम एक साथ थिरकने लगे और एनर्जी का लेवल अचानक कई गुना बढ़ गया। इसके बाद तलविंदर ने अपने ट्रैक “पल पल” के साथ माहौल को एक स्मूद और फ्लोइंग वाइब में बदल दिया— “पल-पल जीना मुहाल मेरा तेरे बिना, ये सारे नशे बेकार तेरी आँखों के सिवा, घर नहीं जाता, मैं बाहर, रहता तेरा इंतज़ार मेरे ख़्वाबों में आना करके सोलह सिंगार…”, इसके बाद “ मैं तेरा होया ,संभाल ले तू मैनू मैनू, मेरी ना होई, ख्याल आउने तैनू तैनू…” पर छात्र छात्राएं उनके साथ जुड़ते नजर आए। जैसे हर कोई उसी बीट में खोया गया हो। तलविंदर के “तेरे इश्क दा जाम हसीन ए, सुबह हसीन मेरी शाम हसीन ए, एह बेमतलब जिंदगी, जदों दी तेरे नाम हसीन ए” गाते ही छात्र-छात्राओं के बीच अलग ही क्रेज और माहौल बनता नजर आया।
अपने खास अंदाज में चेहरे पर कलाकारी किए तलविंदर मंच पर खुद भी खूब नाचे। छात्र-छात्राओं की फरमाइश पर तलविंदर ने उनके पसंद के कई और गाने भी गए। हजारों छात्र-छात्राओं की मौजूदगी में यह म्यूजिकल नाइट देर तक अपने पीक पर बनी रही। हर बीट पर झूमते छात्र छात्राओं ने इस शाम को ग्राफेस्ट-26 के सबसे हाइलाइट मोमेंट्स में बदल दिया। छात्र छात्राओं ने तलविंदर के साथ गानों भी गाये। तलविंदर को लेकर युवाओं में इतना जोश था कि कार्यक्रम शुरु होने तक ग्राफिक एरा का पूरा परिसर छात्र छात्राओं से खचाखच भर गया था। कार्यक्रम के दौरान एक साथ हजारों मोबाइल्स की टॉर्च जलाकर छात्र छात्राएं माहौल को आलौकिक बना रहे थे।
ग्राफिक एरा ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के चेयरमैन डा. कमल घनशाला ने कहा कि जिंदगी में सफलता और खुशियां पाने के लिए तकनीकें सीखना और अच्छा प्रोफेशनल बनना काफी नहीं है। टीम बनाना, टीम को लीड करना, नए आइडिया देना, आइडिया को परखना, खेल भावना, संस्कृति से जुड़ाव और दुख दर्द बांटने का जज्बा कुशल प्रोफेशनल के साथ बेहतर इंसान भी बनाता है। ग्राफेस्ट भी इन्हीं गुणों को अंकुरित और पल्लवित करने का कार्य करता है। समारोह में ग्राफिक एरा ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस की वाइस चेयरपर्सन डा. राखी घनशाला भी मौजूद रही।
ग्राफेस्ट के दौरान देश के 17 राज्यों के 50 से अधिक संस्थाओं और विश्वविद्यालयों के बीच हुए मुकाबले में ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी ने ओवरऑल चैंपियन का पुरस्कार





