सीईओ राकेश जैन ने कहा – बदलते समय के अनुसार बीमा योजनाओं में लचीलापन ज़रूरी
देहरादून,
रिलायंस जनरल इंश्योरेंस के सीईओ राकेश जैन ने कहा है कि भारत में स्वास्थ्य बीमा का स्वरूप तेजी से बदल रहा है और अब समय की मांग है कि बीमा योजनाएं भी आधुनिक चिकित्सा पद्धतियों के अनुरूप हों। उन्होंने कहा कि पहले जहां बीमा क्लेम के लिए 24 घंटे की अस्पताल में भर्ती अनिवार्य थी, वहीं अब कई इलाज कुछ घंटों में पूरे हो जाते हैं, जिससे पारंपरिक मानक अप्रासंगिक हो गए हैं।
रिलायंस जनरल इंश्योरेंस की हेल्थ गेन पॉलिसी और हॉस्पी-केयर प्लान जैसी योजनाएं इस नए बदलाव को ध्यान में रखकर तैयार की गई हैं। हेल्थ गेन पॉलिसी में मोतियाबिंद, एंजियोग्राफी, डायलिसिस जैसे दर्जनों डे-केयर उपचार शामिल किए गए हैं, जबकि हॉस्पी-केयर प्लान में 140 से अधिक प्रक्रियाओं के लिए एकमुश्त लाभ का प्रावधान है।
जैन ने कहा, “हमारा उद्देश्य यह है कि ग्राहक बीमा की औपचारिकताओं में न उलझें, बल्कि अपने इलाज पर ध्यान केंद्रित करें। हम ऐसे समाधान दे रहे हैं जो अधिक सरल, लचीले और ग्राहकों की वास्तविक जरूरतों के अनुरूप हों।”
रिलायंस जनरल इंश्योरेंस ने स्पष्ट किया कि वह भारत के बदलते स्वास्थ्य ढांचे को देखते हुए समावेशी और स्मार्ट बीमा विकल्पों के माध्यम से हर नागरिक को सुरक्षित स्वास्थ्य का भरोसा देने के लिए प्रतिबद्ध है।
