Prabhat Chingari
उत्तराखंड

जॉलीग्रांट में SDRF–NDRF ने किया संयुक्त अभ्यास, रेस्क्यू तकनीकों का व्यावहारिक प्रदर्शन

 

देहरादून।आपदा प्रबंधन के क्षेत्र में तत्परता एवं तकनीकी दक्षता को परखने के उद्देश्य से SDRF वाहिनी मुख्यालय, जॉलीग्रांट में SDRF एवं NDRF के मध्य एक संयुक्त अभ्यास (Joint Exercise) का आयोजन किया गया। यह अभ्यास NDRF द्वारा FAMEX (Familiarisation Exercise) कार्यक्रम के अंतर्गत राष्ट्रीय स्तर पर प्रस्तावित CSSR (Collapsed Structure Search & Rescue) प्रतियोगिता की तैयारियों के क्रम में संपन्न हुआ।

CSSR प्रतियोगिता का उद्देश्य भूकंप, भवन ध्वस्तीकरण एवं अन्य संरचनात्मक ढहाव जैसी आपदाओं के दौरान फंसे व्यक्तियों की खोज एवं सुरक्षित रेस्क्यू हेतु बलों की त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता, तकनीकी दक्षता, टीम वर्क तथा आधुनिक रेस्क्यू तकनीकों का मूल्यांकन करना है।

संयुक्त अभ्यास के दौरान वास्तविक आपदा परिदृश्यों के अनुरूप विभिन्न रेस्क्यू तकनीकों का प्रदर्शन किया गया। इसमें अत्याधुनिक उपकरणों का प्रयोग, सर्च पैटर्न, मेडिकल रिस्पॉन्स, पीड़ितों की सुरक्षित निकासी तथा बलों के मध्य आपसी समन्वय को व्यावहारिक रूप से प्रदर्शित किया गया।

FAMEX कार्यक्रम आपदा प्रबंधन की तैयारियों को परखने एवं उन्हें और अधिक सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इसके माध्यम से विभिन्न आपदा प्रतिक्रिया बलों के बीच समन्वय, संसाधनों के कुशल उपयोग तथा मानक संचालन प्रक्रियाओं (SOPs) के प्रभावी क्रियान्वयन का आकलन किया जाता है।

संयुक्त अभ्यास के दौरान सेनानायक SDRF श्री अर्पण यदुवंशी ने अभ्यास के विभिन्न चरणों का निरीक्षण किया तथा टीमों की कार्यकुशलता, अनुशासन एवं आपसी तालमेल का गहन अवलोकन किया। इस अवसर पर सहायक सेनानायक श्री आर. एस. धपोला एवं प्रशिक्षण निरीक्षक श्री प्रमोद कुमार भी उपस्थित रहे।

अधिकारियों ने विश्वास व्यक्त किया कि यह संयुक्त अभ्यास भविष्य में आयोजित होने वाली CSSR प्रतियोगिता के साथ-साथ वास्तविक आपदा परिस्थितियों में प्रभावी, सुरक्षित एवं त्वरित रेस्क्यू सुनिश्चित करने में सहायक सिद्ध होगा।

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