उत्तराखंड में अब तक की सबसे बड़ी ड्रग्स बरामदगी — ₹10.23 करोड़ की एमडीएमए जब्त
टनकपुर (चंपावत),
उत्तराखंड को नशा मुक्त बनाने के संकल्प के साथ संचालित “ड्रग्स फ्री देवभूमि मिशन” के अंतर्गत राज्य पुलिस को अब तक की सबसे बड़ी ड्रग्स बरामदगी में एक बड़ी सफलता मिली है। नेपाल सीमा से लगे गढ़ीगोठ पुल, पम्पापुर (टनकपुर) क्षेत्र में चलाए गए संयुक्त चेकिंग अभियान के दौरान पुलिस एवं STF की टीम ने 5.688 किलोग्राम MDMA (एक्स्टसी) ड्रग्स बरामद की, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत ₹10.23 करोड़ बताई जा रही है।
इस कार्रवाई में पुलिस ने एक महिला अभियुक्ता ईशा (उम्र 22 वर्ष), पत्नी राहुल कुमार, निवासी पम्पापुर, थाना बनबसा, जनपद चंपावत को गिरफ्तार किया। पुलिस टीम ने संदिग्ध अवस्था में नहर की ओर भागती महिला को काले पिट्ठू बैग के साथ रोका और पुलिस उपाधीक्षक टनकपुर सुश्री वंदना वर्मा की मौजूदगी में तलाशी ली। तलाशी में भारी मात्रा में सिंथेटिक ड्रग MDMA (मेथाएम्फेटामीन) बरामद हुआ।
पूछताछ में बड़ा खुलासा
गिरफ्तार महिला ने पूछताछ में बताया कि यह मादक पदार्थ उसके पति राहुल कुमार एवं सहयोगी कुनाल कोहली द्वारा 27 जून को पिथौरागढ़ से लाया गया था। दोनों आरोपी वर्तमान में ठाणे (महाराष्ट्र) में एक NDPS मामले में वांछित हैं। महिला को आज उक्त ड्रग्स को शारदा नहर में नष्ट करने का निर्देश दिया गया था, लेकिन इससे पूर्व ही उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
ड्रग बरामदगी का विवरण
- ड्रग प्रकार: MDMA (एक्स्टसी)
- कुल मात्रा: 5.688 किलोग्राम
- अनुमानित मूल्य: ₹18,000 प्रति ग्राम
- कुल अंतरराष्ट्रीय मूल्य: ₹10,23,84,000/- (दस करोड़ तेईस लाख चौरासी हजार रुपये)
कानूनी कार्यवाही
महिला अभियुक्ता के विरुद्ध थाना बनबसा में NDPS एक्ट की धारा 8/21/22 के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया है। उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है।
आगे की कार्यवाही
- फरार आरोपियों राहुल कुमार व कुनाल कोहली की तलाश जारी है।
- मादक पदार्थों की तस्करी में नेपाल व नाइजीरियाई गिरोह जैसे अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क की संलिप्तता की जांच की जा रही है।
पुलिस टीम को पुरस्कृत
राज्य के पुलिस महानिदेशक श्री दीपम सेठ ने इस सफलता के लिए पुलिस टीम को ₹50,000 के नकद पुरस्कार से सम्मानित करने की घोषणा की है ।
