---Advertisement---

उत्तराखंड में ‘डिजिटल अरेस्ट’ से 1.47 करोड़ की साइबर ठगी, एसटीएफ ने आरोपी को हिमाचल से पकड़ा

By: Naveen Joshi

On: Tuesday, September 2, 2025 7:36 AM

Google News
Follow Us
---Advertisement---

 

 

देहरादून :उत्तराखंड एसटीएफ (स्पेशल टास्क फोर्स) ने एक बड़े साइबर क्राइम का पर्दाफाश किया है। एसटीएफ की साइबर थाना कुमाऊं परिक्षेत्र टीम ने रूहेलखंड विश्वविद्यालय की एक सेवानिवृत्त कुलपति से ‘डिजिटल अरेस्ट’ के जरिए 1.47 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी करने वाले आरोपी को हिमाचल प्रदेश के सोलन से गिरफ्तार किया है। अगस्त 2025 में, नैनीताल की एक वरिष्ठ नागरिक ने साइबर पुलिस से शिकायत की कि कुछ अज्ञात लोगों ने खुद को महाराष्ट्र साइबर क्राइम विभाग का अधिकारी बताकर उन्हें “डिजिटली अरेस्ट” किया। इन धोखेबाजों ने पीड़िता को बताया कि उनके नाम से खुले एक बैंक खाते में मनी लॉन्ड्रिंग के तहत 60 करोड़ रुपये का लेनदेन हुआ है। कानूनी कार्रवाई का डर दिखाकर, अपराधियों ने पीड़िता को 12 दिनों तक व्हाट्सएप कॉल पर लगातार संपर्क में रखा और उनके बैंक खातों का वेरिफिकेशन कराने के नाम पर उनसे कुल 1.47 करोड़ रुपये अलग-अलग खातों में ट्रांसफर करवा लिए। मामले की गंभीरता को देखते हुए, एसएसपी एसटीएफ श्री नवनीत सिंह के निर्देश पर एक विशेष टीम का गठन किया गया। पुलिस उपाधीक्षक श्री अंकुश मिश्रा के पर्यवेक्षण में, निरीक्षक श्री अरुण कुमार के नेतृत्व में टीम ने तकनीकी साक्ष्य और डेटा का विश्लेषण किया। इसके आधार पर, आरोपी राजेंद्र कुमार (निवासी सोलन, हिमाचल प्रदेश) की पहचान की गई और उसे सोलन के बद्दी से गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी पीड़िता को लगातार व्हाट्सएप कॉल के जरिए संपर्क में रखता था और उन्हें किसी और से बात न करने की हिदायत देता था। वह खुद को महाराष्ट्र साइबर क्राइम का अधिकारी बताता और कानूनी कार्रवाई का डर दिखाता था। धोखाधड़ी से मिली रकम को वह तुरंत अन्य खातों में ट्रांसफर कर देता था। पुलिस ने आरोपी के पास से 3 मोबाइल फोन, 3 सिम कार्ड, बैंक पासबुक, चेकबुक और फर्मों की मोहरें बरामद की हैं। एसएसपी एसटीएफ  नवनीत सिंह ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी तरह के ऑनलाइन लालच में न आएं और अज्ञात कॉलर की सत्यता की जांच किए बिना कोई भी जानकारी साझा न करें। उन्होंने कहा कि फर्जी निवेश योजनाओं और जॉब स्कैम्स से बचें। किसी भी वित्तीय साइबर अपराध की सूचना तुरंत 1930 नंबर पर दें।

For Feedback - feedback@example.com

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment