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उत्तराखंड

उत्तरांचल प्रेस क्लब ने हिंदी पत्रकारिता दिवस पर संगोष्ठी व सम्मान समारोह का किया आयोजन……

समाचार संकलन में संतुलन रखना जरूरी: तिवारी

देहरादून। उत्तरांचल प्रेस क्लब ने हिंदी पत्रकारिता दिवस पर संगोष्ठी एवं पत्रकार सम्मान समारोह का आयोजन किया। इस अवसर पर सात पत्रकारों को मुख्य अतिथि श्री बंशीधर तिवारी, महानिदेशक, सूचना व प्रेस क्लब अध्यक्ष श्री अजय राणा ने सम्मानित किया।

इस अवसर पर मुख्य अतिथि श्री बंशीधर तिवारी, महानिदेशक, सूचना ने सभी को हिंदी पत्रकारिता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि हिंदी के प्रथम समाचार पत्र उदन्त मार्तण्ड का अर्थ है उगता सूरज और सही मायनों में इस उगते सूरज ने नई राह दिखाने का कार्य किया। यह राह राजनीतिक और सामाजिक दोनों तरह की थी। उन्होंने कहा कि वर्तमान में पत्रकारिता के जो भी माध्यम हैं, उनमें अब सामाजिक वाला हिस्सा नजर नहीं आता। ऐसे में हमें पुनः एक बार सामाजिक जागरूकता लाने की जरूरत है। आज कहीं न कहीं हम अपने मानवीय मूल्यों से भी दूर होते जा रहे हैं और यही वजह है कि व्यक्ति प्रिय होने के बजाए हम वस्तु प्रिय होते जा रहे हैं। पहले की तुलना में अब लोगों में धैर्य का अभाव भी तेजी से देखने को मिल रहा है। उन्होंने कहा कि आज की पत्रकारिता और पत्रकारों के समक्ष कई चुनौतियां हैं। समाचार लिखते या कवर करते समय हमें खबरों में संतुलन का बेहद ध्यान रखना चाहिए। आज पत्रकारिता एक काफी हद तक बदल चुकी है। वह अब पारंपरिक रूप से किए जाने वाले काम से बहुत आगे निकल चुकी है। उन्होंने आज की पत्रकारिता के बदलावों के बीच, पत्रकारिता दिवस हमें याद दिलाता है कि मूल्य और सत्यनिष्ठा अभी भी पत्रकारिता के केंद्र में हैं। भले ही तरीके बदल गए हों, लेकिन पत्रकारों की भूमिका और उनका दायित्व वही बना हुआ है – सच्चाई को उजागर करना और लोगों को सशक्त बनाना।

संगोष्ठी के वक्ता जय सिंह रावत जी ने कहा कि इस पत्रकारिता दिवस पर, हम सभी पत्रकारों के कठिन परिश्रम और निष्ठा का सम्मान करते हैं। उनकी मेहनत से ही हम सूचित और समृद्ध होते हैं। हम उम्मीद करते हैं कि वे आने वाले वर्षों में भी इसी तरह काम करते रहेंगे और लोगों को सशक्त बनाने में अपना योगदान देते रहेंगे। श्री रावत जी ने पत्रकारिता के युग की शुरुआत से लेकर स्वतंत्रता संग्राम में समाचार पत्रों और पत्रकारों की भूमिका के बारे में भी विस्तृत जानकारी दी।

वक्ता अनुपम त्रिवेदी ने कहा कि पिछले कुछ दशकों में मीडिया के परिदृश्य में कई अहम बदलाव आए हैं। डिजिटल क्रांति ने पत्रकारिता के तरीकों को बिल्कुल बदल दिया है। अब लोग ज्यादा से ज्यादा ऑनलाइन सोर्स पर निर्भर होते हैं। लोग समाचारों को तुरंत मोबाइल या कंप्यूटर पर पढ़ना पसंद करते हैं। इससे “नागरिक पत्रकारिता” का एक नया रूप उभरा है, जहां आम आदमी भी समाचार और जानकारी का प्रसार करते हैं।

वक्ता संजीव कंडवाल ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि मीडिया सत्यनिष्ठा पर नहीं बल्कि तथ्य पर आधारित होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि आज की पत्रकारिता के बदलावों ने पत्रकारों के लिए कई चुनौतियां पैदा कर दी हैं। वे अब तेजी से बदलते मीडिया पारिस्थितिकी तंत्र में काम करने के लिए खुद को ढालने के लिए मजबूर हैं। उन्हें डिजिटल प्लेटफॉर्मों पर उपयुक्त और तेज सामग्री तैयार करनी पड़ती है। साथ ही, वे सोशल मीडिया पर भी सक्रिय होकर लोगों से जुड़े रहते हैं।

प्रेस क्लब अध्यक्ष अजय राणा ने कहा कि पत्रकारिता के आज के दौर के इन बदलावों ने पत्रकारों की भूमिका और उनके काम के तरीकों को भी बदल दिया है। अब वे केवल समाचार प्रसारक नहीं रहे, बल्कि सामाजिक मुद्दों पर चर्चा और बहस को प्रोत्साहित करने वाले मध्यस्थ बन गए हैं। वे लोगों को सशक्त बनाने और उन्हें जुड़े रखने का प्रयास करते हैं। यह बदलाव कई मायनों में सकारात्मक है। पत्रकारिता अब ज्यादा संवेदनशील और लोक-केंद्रित हो गई है। लेकिन साथ ही, इसने एक नए प्रकार की चुनौतियों को भी जन्म दिया है। पत्रकारों को अब लोगों की भावनाओं और विचारों को ध्यान में रखकर काम करना पड़ता है। वे तुरंत प्रतिक्रिया और प्रसार की मांग को पूरा करने के लिए मजबूर हैं।

इस अवसर पर स्वच्छ, निष्पक्ष और दीर्घकालीन पत्रकारिता के लिए वरिष्ठ पत्रकार रविन्द्र नाथ कौशिक, अजीत कांबोज, वर्षा सिंह, योगेश सेमवाल, फोटो जर्नलिस्ट में योगेश सेमवाल और सोशल मीडिया के क्षेत्र में राजेश पोलखोल बहुगुणा को सम्मानित किया गया।

कार्यक्रम का संचालन कार्यवाहक महामंत्री मीना नेगी ने किया। इस अवसर पर प्रेस क्लब की वरिष्ठ उपाध्यक्ष रश्मि खत्री, कनिष्ठ उपाध्यक्ष दरवान सिंह, कोषाध्यक्ष मनीष चंद्र भट्ट, संप्रेक्षक मनोज सिंह जयाडा, कार्यकारिणी सदस्य मंगेश कुमार, दया शंकर पांडेय, विनोद पुंडीर के साथ ही पूर्व महामंत्री गिरिधर शर्मा, वरिष्ठ पत्रकार अर्जुन सिंह बिष्ट, अरुण शर्मा, तिलक राज, प्रदीप फर्सवान, अभिषेक मिश्रा, प्रमोद रावत, अमित ठाकुर, आदि उपस्थित थे।

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