---Advertisement---

सड़क हादसों और ट्रैवल में रुकावट जैसी अनिश्चित परिस्थितियों के बीच अब बीमा लेना सिर्फ एक विकल्प नहीं, बल्कि एक जरूरी ज़रूरत बन चुका है – शनाई घोष

By: Naveen Joshi

On: Friday, June 27, 2025 4:08 PM

Google News
Follow Us
---Advertisement---

देहरादून – महंगाई खासकर मेडिकल खर्चों में 2024 के दौरान 14% की बढ़ोतरी, साथ ही बदलते मौसम, सड़क हादसों और ट्रैवल में रुकावट जैसी अनिश्चित परिस्थितियों के बीच अब बीमा लेना सिर्फ एक विकल्प नहीं, बल्कि एक जरूरी ज़रूरत बन चुका है। जेन जी और मिलेनियल्स जैसे युवा वर्ग के लिए, जो तेजी से डिजिटल दुनिया से जुड़ रहा है, बीमा अब सिर्फ एक पॉलिसी नहीं, बल्कि मानसिक सुकून और ज़िंदगी की अनिश्चितताओं से निपटने की तैयारी का ज़रिया है। हालांकि, भारत में बड़ी संख्या में युवा आज भी बीमा से दूर हैं — जिसका सबसे बड़ा कारण है बीमा के प्रति जागरूकता की कमी और जटिल प्रक्रियाएं, जो उन्हें भ्रमित और दूर कर देती हैं।

राष्ट्रीय बीमा जागरूकता दिवस के मौके पर ज़ूनो जनरल इंश्योरेंस एक बार फिर ऐसे बीमा की जरूरत को रेखांकित कर रहा है जो लेना आसान हो, समझने में सरल हो और पूरी तरह ग्राहक-केंद्रित हो।

ज़ूनो जनरल इंश्योरेंस की मैनेजिंग डायरेक्टर एवं सीईओ सुश्री शनाई घोष ने कहा, “राष्ट्रीय बीमा जागरूकता दिवस हमें यह याद दिलाता है कि बीमा केवल एक पॉलिसी नहीं, बल्कि मानसिक सुकून और ज़िंदगी के अनिश्चित पलों के लिए तैयार रहने का ज़रिया है। हमारा मानना है कि बीमा हर किसी के लिए सुलभ, सरल और पारदर्शी होना चाहिए। ज़ूनो में हमारा उद्देश्य है ग्राहकों को एक डिजिटल-फर्स्ट अनुभव देना, जिसमें सब कुछ उनके लिए हो – क्योंकि सच्ची सुरक्षा कभी जटिल नहीं होनी चाहिए। हमारा प्रयास है कि लोग पूरे भरोसे के साथ ज़ूनो के बीमा उत्पाद चुनें और निश्चिंत होकर जीवन का आनंद लें।”

For Feedback - feedback@example.com

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment